हापुड़- अयोध्या में संदिग्ध परिस्थितियों में लापता युवती का शव सूखे नाले में मिला था, युवती का शव नग्न अवस्था में मिला था, परिस्थितियों को देखते हुए युवती के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या की आशंका व्यक्त की जा रही थी। लावारिश शव की पहचान कुछ ही समय में हो गई। युवती की उम्र करीब 21 साल थी।
दलित युवती के साथ हुए घिनौने कृत्य को लेकर हापुड़ में समाजवादी पार्टी महिला सभा की प्रदेश सचिव शालू जोहरी के नेतृत्व में बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की मूर्ति से शहीद स्तंभ अतरपुरा चौपला तक कैंडल मार्च निकाला गया। यह कैंडल मार्च बेटी के लिए इंसाफ की मांग को लेकर था।
हाल ही में हुई एक दलित लड़की के साथ दरिंदगी की घटना ने सभी को हिला कर रख दिया है। दरिंदों ने पहले लड़की के मुंह में कपड़ा डाला, उसकी आंख फोड़ी, उसकी टांग तोड़ दी और उसके साथ कई घंटों तक दुष्कर्म किया। इस घटना की जितनी निंदा की जाए कम है।
समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने भी पोस्ट कर कहा कि एक दलित बेटी जो कि लापता थी जिसका शव निर्वस्त्र अवस्था में मिला है, उसकी दोनों आँखें फोड़ दी गई, अमानवीय व्यवहार किया गया। अखिलेश यादव ने प्रशासन पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि यदि पुलिस तत्काल कार्यवाही करती तो आज दलित बेटी के साथ ये अवमानीय व्यवहार नहीं होता और बेटी आज जिंदा होती। सपा मुखिया ने पीड़ित परिवार को 1 करोड़ रुपए का मुआवजा देने की मांग की है।
समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने इस घटना के खिलाफ आवाज उठाई है और दोषियों को फांसी की सजा की मांग की है। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कठोर से कठोर कार्यवाही करने की भी मांग की है। इस कार्यक्रम में समाजवादी पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता उपस्थित थे, जिनमें देवेंद्र जाखड़, किशन सिंह तोमर, संजय यादव, पदम सिंह जाटव, दिनेश तोमर हाजी या दिलाए कुरेशी, हसीन चौधरी, बिलाल सैफी, यूनिस चौधरी, शहजाद और अफजल देहरा आदि प्रमुख थे।