हापुड़ में तापमान में उतार चढ़ाव के कारण बीमारी बढ़ी है, तापमान गिरने से बच्चों में नजला, खांसी के साथ वायरल बुखार का प्रकोप बढ़ रहा है। बाल रोग विशेषज्ञों की ओपीडी में बीमार बच्चों की संख्या बढ़ी है। साथ ही वायरल बुखार, चर्म रोग, ईएनटी से जुड़े रोगों में भी इजाफा हुआ है।
सर्दी बढ़ने के साथ ही प्रदूषण के स्तर में भी इजाफा हो रहा है। ऐसे में बच्चों की छाती में इंफेक्शन से खांसी, जुकाम, नाक बंद या बहने और बुखार की शिकायत आ रही है। ओपीडी में हर रोज 80 से अधिक बच्चे पहुंच रहे हैं। नवजातों में भी निमोनिया और पीलिया बढ़ जाने की समस्या आ रही है। बीमारियों से पीड़ित बच्चे लेकर माता-पिता अस्पताल पहुंच रहे हैं।
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. समरेंद्र राय ने बताया कि सर्दी बढ़ने के साथ ही बीमारियां भी बढ़ रही है। तापमान के उतार चढ़ाव के कारण ही बच्चों में निमोनिया, वायरल, डायरिया का प्रकोप है। अभिभावक खान पान और रख रखाव में सावधानी बरतें तो इन बीमारियों से बचा जा सकता है।
ईएनटी डॉ. मोहिनी सिंह ने बताया कि ठंड बढने से गले में खराश और कान में दर्द के मरीज बढ़े हैं। टॉसिल निकल आने की समस्या भी लेकर मरीज अस्पताल आ रहे हैं। साइनस और नाक की एलर्जी भी बढ़ी है।