जाननपाद हापुड़ के गढ़मुक्तेश्वर में कार्तिक पूर्णिमा मेले में लाखों श्रद्धालु स्नान के लिए आता है, जिनको सुरक्षित ढंग से स्नान कराना पुलिस प्रशासन की जिम्मेदारी होती है। लेकिन जिला पंचायत ने पिछले साल की तरह इस बार महज 10 से 15 नावों के हिसाब का टेंडर निकाला है, जिससे श्रद्धालुओं की सुरक्षा में परेशानी होगी और नावों पर तैनात होने वाले गोताखोरों की संख्या में सिर्फ 10 होगी।
एक तरफ पुलिस प्रशासनिक अधिकारी डुबने की घटनाओं की रोकथाम और श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित ढंग से स्नान कराने की तैयारी में जुटे हैं। वहीं जिला पंचायत ने सिर्फ 2 लाख 17 हजार रुपये का गोताखोरों और नाविकों के लिए टेंडर जारी किया है।
पूर्व में नाव और गोताखोरों के ठेकेदार रहे डीपी निषाद ने बताया कि इतने बजट में सिर्फ 10 से 15 नाव और गोताखोर ही लग पाएंगे। जबकि यदि पिछले वर्ष की बात की जाए तो वर्ष 2021 में करीब छह लाख रुपये का टेंडर जारी किया गया था, जिसमें 40 नाव समेत मोटर बोट और 40 गोताखोर तैनात किए गए थे।इस बार सिर्फ 10 नावों का टेंडर हुआ है, तीस लाख श्रद्धालुओं के लिए सिर्फ 10 गोताखोर होंगे। एक नाव पर एक गोताखोर तैनात होगा।
अपर मुख्य अधिकारी आरती मिश्रा- का कहना है की पिछले वर्ष के मुकाबले इस बार करीब 10 प्रतिशत बढ़ाकर नाव संबंधित टेंडर निकाला है। पिछले वर्ष, इतने ही गोताखोरों और नाव में मेला हो गया था। शासन से मिले बजट के अनुसार ही टेंडर जारी किए गए हैं।