हापुड़ में सरकारी अस्पतालों में वायरल के साथ अब टाइफाइड के मरीजों की संख्या बढ़ी है। ऐसे मरीजों को सर्दी के साथ तेज बुखार हो रहा है। हर रोज आठ से दस मरीजों में इसकी पुष्टि हो रही है। साथ ही बच्चों को भी खांसी, जुकाम के साथ बुखार आ रहा है।
बदलते मौसम में बीमारियों ने भी पैर पसारने शुरू कर दिए हैं। डायरिया के मरीजों के साथ-साथ वायरल बुखार टाइफाइड तेजी से फैल रहा है। बच्चों से लेकर बड़े बुजुर्ग इसकी चपेट में आ रहे हैं। ऐेसे में चिकित्सक विशेष ध्यान रखने की सलाह दे रहे हैं।
फिजिशियन डॉ. अशरफ अली ने बताया कि गर्मी में डायरिया के मरीज सबसे अधिक है। साथ ही बुखार वाले मरीजों की जांच में अब टाइफाइड भी मिल रहा है। ऐसे मरीजों को लंबे समय से बुखार बना हुआ है। कभी बुखार उतर जाता है, शाम को फिर चढ़ जाता है। जांच में ऐसे मरीजों में टाइफाइड अधिक मिल रहा है। रोजाना ऐसे आठ से दस टाइफाइड मरीजों की पुष्टि हो रही है।
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. समरेंद्र राय ने बताया कि बच्चों में डायरिया सबसे अधिक है। साथ ही खांसी और जुकाम के साथ उन्हें बुखार हो रहा है। नवजात बच्चों में पीलिया की समस्या आ रही है, जिसमें कुछ को नर्सरी में रख उपचार दिया जा रहा है। डायरिया के कारण बच्चे खाना पीना छोड़ रहे हैं, डिहाइड्रेशन की चपेट में आने वालों को भर्ती कर उपचार दिया जा रहा है।
नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. अतुल आनंद ने बताया कि गर्मी में आंखों की एलर्जी और चुभन की समस्या बढ़ रही है। वहीं, ईएनटी डॉ. मोहिनी सिंह की ओपीडी में गले के संक्रमण वाले मरीजों की संख्या बढ़ी है।