हापुड़ जिले में डेंगू के चार नए मरीज मिले है। 42 से अधिक संदिग्ध मरीजों के सँपल एलाइजा टेस्ट के लिए सरकारी लैब भेजे गए हैं। आगामी सात दिनों में बीमारी के तेजी से फैलने की संभावना है। वायरल और टाइफॉयड के मामले भी तेजी से बढ़ रहे हैं।
मलेरिया तेजी से बढ़ रहा है। एक सप्ताह के अंदर ही डेंगू ने तांडव मचा दिया है, घर घर में बुखार के मरीजों की भरमार है। प्लेटलेट्स गिरने की शिकायतें अधिकांश मरीजों में आ रही हैं। लेकिन चिकित्सक उसे एलाइजा टेस्ट नहीं होने तक डेंगू नहीं मान रहे हैं। वैसे भी बुखार के चार से पांच दिन बाद ही डेंगू रिपोर्ट में आता है।
स्वास्थ्य विभाग की लैब में जांच के दौरान चार नए मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है। अब तक कुल 44 मरीजों में डेंगू पॉजिटिव मिल चुका है। इससे कई गुना मरीजों में रेपिड किट डेंगू की पुष्टि कर चुकी है लेकिन, स्वास्थ्य विभाग इस जांच को मानक के अनुसार नहीं मानता है। यही कारण है कि एलाइजा टेस्ट में संक्रमित मरीजों की संख्या 44 के पार हो गई है। हर दूसरे घर में लोग बीमार है।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मरीज के आस पास के 50 घरों में लार्वा खोज रहे हैं, जिसमें अधिकांश घरों में बड़ी मात्रा में लार्वा मिल रहा है। 204 घरों में मलेरिया विभाग की टीम ने लार्वा तलाशा, 96 स्थानों पर लार्वा मिला। संभावना है कि आने वाले एक सप्ताह में डेंगू तेजी से फैलेगा।
हापुड़ सीएमओ डॉ.सुनील त्यागी- ने बताया की घरों में खाली बर्तन, फ्रीज की ट्रे आदि में पानी एकत्र न होने दें। डेंगू का मच्छर स्वच्छ पानी में ही पनपता है। साफ-सफाई अवश्य करते रहें। डेंगू का कोई गंभीर मरीज नहीं है। सरकारी अस्पतालों में दवाएं, जांच की पर्याप्त व्यवस्था है।